पाकिस्तान : 28 साल बाद श्मशान स्थल से अवैध कब्जा हटा
Monday, 13 January 2020 21:42

  • Print
  • Email

डेरा इस्माइल खान (पाकिस्तान): पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के डेरा इस्माइल खान में हिंदू समुदाय के एक श्मशान स्थल से स्थानीय प्रशासन ने अवैध कब्जा हटा दिया है। समुदाय को इसके लिए 28 साल तक इंतजार करना पड़ा। पाकिस्तानी मीडिया में प्रकाशित रिपोर्ट में यह जानकारी देते हुए बताया गया है कि यह संपत्ति 1992 में अवैध रूप से एक स्थानीय व्यक्ति को दे दी गई थी।

हिंदू समुदाय के सदस्यों ने 'एक्सप्रेस ट्रिब्यून' को बताया कि हंगू के रहने वाले व खैबर पख्तूनख्वा विधानसभा के पूर्व सदस्य दिवगंत डॉ. सिंघार सिंह ने डेरा इस्माइल खान के कोटला सैदान इलाके में श्मशान स्थल के लिए आठ कनाल भूमि खरीदी थी। भूमि का रजिस्ट्रेशन लकी राम और दास राम के नाम पर हुआ था। इनके निधन के बाद, भूमि चुन्नी लाल नाम के व्यक्ति को स्थानांतरित कर दी गई और उनकी मौत के बाद स्थानीय लोगों ने कथित रूप से इस पर कब्जा कर लिया। बीते 28 सालों में यह भूमि चार लोगों के मालिकाने में गई।

इस दौरान हिंदू समुदाय के सदस्य अपनी इस भूमि को वापस पाने के लिए हर जगह गुहार लगाते रहे।

डेरा इस्माइल खान के उपायुक्त मुहम्मद उमर ने रविवार को एक बयान जारी कर बताया कि प्रांतीय विधानसभा के सदस्य फैसल अमीन गंडापुर के सहयोग से जिला प्रशासन ने इस भूमि के चार अवैध स्थानांतरणों को रद्द कर दिया है और इसे हिंदू समुदाय को लौटा दिया है।

उमर ने बताया कि सरकार ने यह भूमि हिंदू समुदाय को श्मशान स्थल के लिए दी थी लेकिन इसे अवैध रूप से स्थानीय को दे दिया गया। लेकिन, अब जिला प्रशासन ने ऐसे सभी अवैध स्थानांतरणों को रद्द कर दिया है और अब हिंदू समुदाय अपने धार्मिक रीति-रिवाज के मुताबिक इसका इस्तेमाल कर सकता है।

प्रांतीय विधानसभा के पूर्व सदस्य किशोर कुमार, हिंदू धार्मिक नेता दर्पण कुमार और अशोक कुमार ने एक संयुक्त बयान में जिला प्रशासन के इस कदम की सराहना करते हुए इसे पाकिस्तान में एक बहुलवादी समाज बनाने की दिशा में उठाया गया महत्वपूर्ण कदम करार दिया है।

--आईएएनएस

Leave a comment

Make sure you enter all the required information, indicated by an asterisk (*). HTML code is not allowed.

Don't Miss