यूपी: लोकसभा उपचुनाव के लिए साथ आ सकती हैं एसपी-बीएसपी

पूर्वोत्तर के चुनाव नतीजों में बीजेपी को बंपर जीत मिलने के बाद देश का राजनीति में हलचल मची हुई है. बीजेपी के बढ़ते रुतबे और प्रधानमंत्री मोदी के लगातार बढ़ते कद से धुर विरोधी भी अब साथ आने को तैयार हो रहे हैं.

 

उत्तर प्रदेश में दो सीटों पर लोकसभा उपचुनाव है. दो सीट पर हो रहे उपचुनाव में मायावती की पार्टी बीएसपी अखिलेश की समाजवादी पार्टी को समर्थन कर सकती है.

 

बीएसपी आज ही इसका एलान भी कर सकती है. इसके लिए आज इलाहाबाद और गोरखपुर में पार्टी के लोकल नेताओं की बैठक बुलाई गई है. शाम को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर औपचारिक एलान हो सकता है. फूलपुर और गोरखपुर लोकसभा सीट पर ग्यारह मार्च को उपचुनाव है.

 

एसपी-बीएसपी के साथ आने से क्या बीजेपी को नुकसान होगा?
2014 के गोरखपुर लोकसभा चुनाव के नतीजे के देखें तो और सपा-बीएसपी को मिला भी दें तो भी बीजेपी करीब 1.40 लाख वोटों से आगे थी. यानी गोरखपुर में बीजेपी को ज्यादा नुकसान की उम्मीद नहीं है.

 

फूलपुर की बात करें तो यहां भी बीजेपी की स्थिति मजबूत है. यहां भी स्थिति गोरखपुर की तरह ही है. यानी 2014 के नतीजों के हिसाब से बीएसपी और एसपी के वोट को मिला दें तब भी बीजेपी को नुकसान होता नहीं दिख रहा. लेकिन माना जा रहा है कि एगर एसपी और बीएसपी साथ आते हैं तो बीजेपी के लिए थोड़ी मुश्किल हो सकती है.