उप्र कांग्रेस में उभरे विरोध के स्वर
Wednesday, 18 September 2019 04:48

  • Print
  • Email

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में होने वाले विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस के उम्मीदवारों के चयन और कांग्रेस के विधायक दल (सीएलपी) के नेता अजय कुमार लल्लू को उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी (यूपीसीसी) का प्रमुख बनाए जाने की संभावना को लेकर पार्टी की प्रदेश इकाई में असंतोष के स्वर शुरू हो गए हैं। हमीरपुर में उपचुनाव 23 सितंबर को होना है, वहीं शेष 12 सीटों पर उपचुनावों की तारीख की घोषणा अभी नहीं हुई है। सभी 13 सीटों पर करीबी मुकाबले को देखते हुए इसको लेकर पार्टी की तैयारियों और उम्मीदवारों के चयन पर पार्टी की प्रदेश इकाई में नाराजगी बढ़ रही है।

लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के टिकट पर लखनऊ से चुनाव लड़ने वाले आचार्य प्रमोद कृष्णम ने उनसे चर्चा नहीं करने के लिए पार्टी नेतृत्व पर हमला बोला है।

उन्होंने कहा, "लखनऊ कैंट पर उम्मीदवार को मुझसे चर्चा किए बिना चुन लिया गया। मैं इस बारे में कांग्रेस की महासचिव को पत्र लिखूंगा।"

लखनऊ कैंट की पूर्व विधायक रीता बहुगुणा जोशी के लोकसभा चुनाव जीतने के बाद यह सीट रिक्त हो गई थी, इसलिए यहां पर उपचुनाव होगा।

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने कहा, "लखनऊ कैंट पर कांग्रेस उम्मीदवार दिलप्रीत सिंह ने चुनाव प्रचार शुरू कर दिया है, उन्हें उम्मीदवार बनाए जाने से कई नेता नाराज हैं और इस बारे में सोनिया गांधी को लिखा है।"

जिन विधानसभा क्षेत्रों में उपचुनाव है, उन प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के लिए प्रभारी नियुक्त किया गया है।

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद राजेश मिश्रा लखनऊ कैंट विधानसभा सीट पर प्रभारी हैं, लेकिन दिलप्रीत सिंह मिश्रा द्वारा पार्टी हाई कमान को भेजी गई उम्मीदवारों की सूची तक में नहीं थे।

कांग्रेस ने 11 सीटों पर अपने उम्मीदवार घोषित कर दिए हैं। ये उमेश कुमार दिवाकर को इग्लास सीट (अनुसूचित जाति), स्नेहलता को टूंडला (अनुसूचित जाति), करिश्मा ठाकुर को गोविंदनगर, सुनील मिश्रा को जलालपुर से राज मंगल यादव को घोसी, नाउम मसूद को गंगोह, दिलप्रीत सिंह को लखनऊ कैंट, रंजना पांडे को मानिकपुर, नीरज त्रिपाठी को प्रतापगढ़, तनुज पूनिया को जैदपुर और हरदीपक निषाद को हमीरपुर से उम्मीदवार बनाए गए हैं।

पार्टी में इस बात पर भी नाराजगी जताई जा रही है कि अजय कुमार लल्लू राज बब्बर के स्थान पर प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष बन सकते हैं।

राज बब्बर ने लोकसभा चुनाव के बाद पार्टी की हार की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए मई में अपने पद से इस्तीफा दे दिया था।

--आईएएनएस

Leave a comment

Make sure you enter all the required information, indicated by an asterisk (*). HTML code is not allowed.

Don't Miss