एनएमआरसी और डीएमआरसी की मेट्रो लाइन दिसंबर में जुड़ेंगी

दिसंबर 2018 तक डीएमआरसी और एनएमआरसी के आपस में जुड़ने के बाद दिल्ली- नोएडा की लाइफ लाइन का 74 किलोमीटर लंबा सफर करेगी। मेजेंटा लाइन के जनकपुरी (पश्चिम) और कालकाजी मंदिर का मेट्रो लिंक 29 मई से शुरू होगा। जिसके बाद मेजेंटा लाइन के जरिए नोएडा से गुरुग्राम सीधा पहुंचना संभव होगा। इसी लाइन के जरिए पालम के घरेलू हवाई अड्डा तक मुसाफिर जा सकेंगे। आने वाले कुछ महीनों में यही लाइन गुरुग्राम और पश्चिमी दिल्ली के मुसाफिरों को ग्रेटर नोएडा और सेक्टर- 62 के इलेक्ट्रानिक सिटी तक पहुंचाएगी। दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन और नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के आपस में जुड़ने के बाद रोजाना लाखों मुसाफिर कम समय में अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे।

नई लाइन से शुरू होने से गुरुग्राम और नोएडा के बीच पहुंचने में महज 50 मिनट का समय लगेगा। यह लाइन करीब 25.6 किलोमीटर लंबी है। जिसमें कुल 16 स्टेशन हैं। इसके चालू होने के बाद पूरा सफर करीब 38.2 किलोमीटर का होगा। जो बॉटेनिकल गार्डन मेट्रो स्टेशन से जनकपुरी (पश्चिम) तक जाएगा। यह लाइन मेजेंटा लाइन को दोनों तरफ से ब्लू लाइन (द्वारिका- वैशाली) लाइन से जोड़ेगी। एक तरह से यह पूरा घेरा होगा, जो दक्षिण, पश्चिम, मध्य और पूर्वी दिल्ली को आपस में जोड़ देगा। इससे ब्लू लाइन में लगातार बढ़ रही भीड़ को भी नियंत्रित रखने में मदद मिलेगी। इस रूट पर मेट्रो रेल हर 5 मिनट के अंतराल पर चलेगी। बिॉटेनिकल गार्डन से जुड़े होने से आने वाले दिनों यह लाइन दिल्ली, गाजियाबाद, नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गुरुग्राम के मुसाफिरों के लिए लाइफ लाइन बन जाएगी।

डीएमआरसी अफसरों के मुताबिक मेजेंटा लाइन बॉटेनिकल गार्डन से जुड़ी है। बॉटेनिकल गार्डन की ब्लू लाइन का सेक्टर- 62 स्थित इलेक्ट्रानिक सिटी तक विस्तार किया जा रहा है। सिटी सेंटर से सेक्टर- 62 तक करीब 6 किलोमीटर लंबे ट्रैक का करीब 80 फीसद निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। दिसंबर 2018 से इसे शुरू करने की तैयारी है। नोएडा से ग्रेटर नोएडा के बीच 30 किलोमीटर लंबी मेट्रो लाइन का भी दिसंबर से संचालन शुरू किया जाना है। जिसके लिए सेक्टर- 71 में मेट्रो इंटरचेंज बनाया जा रहा है। इस लाइन के शुरू होने पर गुरुग्राम से ग्रेटर नोएडा तक जाने वालों को दो जगह पर मेट्रो बदलनी होगी। जबकि गाजियाबाद के मुसाफिर एक जगह मेट्रो बदलकर ही आईजीआई हवाई अड्डे तक पहुंच सकेंगे।

1.ब्लू लाइन के बढ़ते बोझ को नियंत्रित करने में मिलेगी मदद, नया लिंक 74 किलोमीटर लंबा होगा
2. दोनों लाइनों के आपस में जुड़ने के बाद रोजाना 2.5 लाख मुसाफिर रोजाना करेंगे इस्तेमाल