भारत में 51 फीसदी लोग रोजाना आलू खाते हैं : सर्वेक्षण

Friday, 22 June 2018 08:32

 भारत में सुबह के नाश्ते में पोहा की जगह समोसा और बड़ा पाव का चलन बढ़ता जा रहा है और आलू के बिना हर भारतीय का कम से कम एक वक्त का भोजन अधूरा होता है। आलू हर मौसम में, सालभर बाजार में उपलब्ध रहता है। सर्वेक्षण के अनुसार, अधिकांश भारतीय रोजाना आलू खाते हैं। 

फूड टॉक इंडिया ने नई दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरू, चंडीगढ़ और हैदराबाद में एक सर्वेक्षण करवाया, जिसमें पता चला कि भारत में लोग आलू खाना कितना पसंद करते हैं। खुलासा हुआ कि 65 फीसदी लोग आलू खाना पसंद करते हैं। 

सर्वेक्षण में 15 साल से 40 साल के लोगों में 51 फीसदी लोग ऐसे पाए गए जो रोज आलू खाते हैं। साथ ही, 73 फीसदी लोगों ने बताया कि वे भूना हुआ आलू खाना बहुत पसंद करते हैं। 

--आईएएनएस

बहाने से महिला को छूने की कोशिश कर रहा था पुलिसवाला फिर हुआ कुछ ऐसा

Friday, 22 June 2018 08:25

सोशल मीडिया पर एक वीडियो काफी वायरल हो रहा है. इस वीडियो को देखकर हर कोई गुस्से में है. महिलाओं के प्रति सम्मान के लिए एक तरफ जहां कई लोग जाग्रुक कर रहे हैं तो कुछ लोग ऐसी हरकतें करते हैं जिससे महिलाओं खुलकर नहीं जी पातीं. छेड़छाड़ लगातार बढ़ती जा रही है. ऐसा ही एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें एक पुलिसवाला महिला को बहाने से छूने की कोशिश कर रहा है. रेलवे स्टेशन का ये वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है. 

पुलिसवाले के पास में ही एक महिला बैठी थी. पुलिसवाला सोने का नाटक करते हुए उसको बार-बार छू रहा था. सामने बैठा एक शख्स पुलिसवाले की इस हरकत को देख लेता है और चुपके से वीडियो रिकॉर्डिंग कर लेता है. वही वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है. महिला थोड़ी देर सहन करती है फिर पास में बैठी महिला को बता देती है. जिसके बाद लोग पुलिसवाले को पीटने लगते हैं. पुलिसवाला खड़ा होकर जाने लगता है और कुछ लोगों को धमकियां देने लगता है. सोशल मीडिया पर ये वीडियो काफी वायरल हो रहा है.

 
 

इस देश में परीक्षा में नकल को रोकने के लिए अपनाया नया तरीका

Friday, 22 June 2018 08:22

अल्जीरिया ने नकल से निपटने के लिए हाई स्कूल की परीक्षाओं के दौरान देश भर में इंटरनेट पर प्रतिबंध लगा दिया है, जो 25 जून तक जारी रहेगा. 'बीबीसी' की रिपोर्ट के अनुसार, इंटरनेट सेवा की मोबाइल और फिक्स्ड लाइन दोनों बंद कर दी गई हैं. किसी भी तरह से नकल को रोकने के लिए प्रत्येक हाईस्कूल डिप्लोमा परीक्षा शुरू होने से एक घंटे पहले इंटरनेट बंद हो जाएगा.

इस कदम को 2016 में हुई व्यापक नकल के मद्देनजर उठाया गया. 2016 में परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र ऑनलाइन लीक हो गए थे. नतीजतन, अधिकारियों ने 2017 में इंटरनेट सेवा प्रदाताओं से सोशल मीडिया एक्सेस को रोकने के लिए कहा लेकिन बात नहीं बनी. शिक्षा मंत्री नौरीया बेंगाब्रिट ने अल्जीरियाई समाचार पत्र 'अन्नहर' को बताया कि 20-25 जून के दौरान देशभर में फेसबुक बंद रहेगा. 

'बीबीसी' ने कहा, इसके अतिरिक्त देश के 2,000 परीक्षा केंद्रों में इंटरनेट एक्सेस के साथ सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को छात्रों और स्कूल कर्मचारियोंदोनों के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया है. परीक्षा केंद्र के प्रवेश द्वार पर मेटल डिटेक्टर की भी व्यवस्था की गई है.

 
 

गजबः भूख लगने पर कर्मचारी तीन मिनट पहले लंच करने गया, कंपनी ने काटी सैलरी

Friday, 22 June 2018 08:18

जापान में अजीब वजह से एक शख्स की सैलरी काट ली गई है। शख्स की ना सिर्फ सैलरी काटी गई बल्कि काम के समय में अपनी डेस्क छोड़ने पर उसे सीनियर्स ने फटकार भी लगाई। शख्स की गलती इतनी थी कि वह भूख लगने पर तीन मिनट पहले लंच करने चला गया। खास बात यह है कि पीड़ित शख्स सरकारी कर्मचारी हैं, जो कोब के पश्चिमी शहर में वॉटरवर्क ब्यूरो में अधिकारी हैं। सिटी प्रवक्ता के मुताबिक वॉटरवर्क ब्यूरो के कर्मचारी ने सात महीने में 26 बार तय समय से पहले लंच किया। प्रवक्ता ने एएफपी को बताया कि लंच टाइम एक बजे शुरू होता है, लेकिन कर्मचारी तय समय से पहले ही लंच करने चले गए।

64 वर्षीय कर्मचारी की सजा के तौर पर आधे दिन की सैलरी काटी गई है। हालांकि बाद में वॉटरवर्क ब्यूरो प्रमुख ने मामले में अपनी गलती स्वीकारते हुए प्रेस कॉन्फ्रेंस की और इस कदम के लिए माफी मांगी। एक अन्य ब्यूरो अधिकारी ने गहरा दुख जताते हुए कहा कि हमें खेद है और उनके साथ दुर्व्यवहार हुआ। इसके लिए हम माफी मांगते हैं। ब्यूरो के मुताबिक कर्मचारी ने पब्लिक सर्विस लॉ का उल्लंघन किया था, जिसमें कहा गया है कि अधिकारियों को अपनी नौकरियों पर ध्यान देना होगा। बता दें कि तीन मिनट पहले खाना खाने की वजह से सैलरी कटने की खबर जापानी सोशल मीडिया में भी तेजी से फेल गई। सैकड़ों लोगों ने कर्मचारी का बचाव किया।

ट्विटर पर एक यूजर कमेंट कर लिखते हैं, ‘यह सरासर पागलपन है। पागलपन है। सिगरेट पीने के लिए डेस्क छोड़ने पर क्या कहेंगे?’ एक अन्य यूजर लिखते हैं, ‘क्या यह बुरा जोक हैं? क्या इसका मतलब यह है कि हम बाथरूम में भी नहीं जा सकते?’ बता दें कि इसी शहर में फरवरी में एक अन्य कर्मचारी को सस्पेंड कर दिया गया था। क्योंकि वह बाजार से खाना खरीदने के लिए लंच टाइम से पहले बाहर चला जाता था। रिपोर्ट के मुताबिक कर्मचारी छह महीने में 55 घंटे ऑफिस से बाहर रहा।

 

कश्मीर जाएंगे ब्लैक कैट कमांडो, पुलिस-CRPF को देंगे ट्रेनिंग

Friday, 22 June 2018 08:17

जम्मू और कश्मीर में आतंक का खात्मा करने के लिए नेशनल सिक्योरिटी गार्ड्स (एनएसजी) कमांडोज को घाटी में भेजा जाएगा। वे वहां पर आतंक विरोधी ऑपरेशंस चलाने के लिए राज्य की पुलिस और सेंट्रल रिजर्व पुलिस फोर्स (सीआरपीएफ) को खासतौर पर ट्रेनिंग देंगे। स्थानीय पुलिस सूत्रों का कहना है कि एनएसजी की कुछ ईकाइयों को राजधानी श्रीनगर स्थित भारतीय सीमा सुरक्षा (बीएसएफ) के बेस कैंप के साथ कुछ अन्य जगहों पर मुस्तैद किया जाएगा।

एनएसजी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने ‘टीओआई’ को बताया कि जब फोर्स को वहां भेजा जा रहा तो, कश्मीर प्रशासन, पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के साथ आतंक से निपटने के लिए नए तौर-तरीकों और तकनीकों पर चर्चा की जाएगी।

एनएसजी के दस्ते कश्मीर से पहुंचने से पहले ही उनके लिए उचित बंदोबस्त किया जाएगा। अधिकारी के अनुसार, आतंकवादी गतिविधियों से निपटने में खास किस्म की स्किल्स की जरूरत होती, जिसके लिए एनएसजी कमांडोज वहां भेजे जाएंगे। एनएसजी के कमांडो इसी के साथ श्रीनगर एयरपोर्ट पर एंटी-हाईजैक ऑपरेशंस और इंटेलिजेंस संबंधी आपरशेंस के लिए लगाए जाएंगे।

आतंकियों को नेस्तनाबूद करने के लिए एनएसजी कमांडो कॉच एमपी 5 सब मशीन गन, स्नाइपर राइफल, वॉल रडार और सी-4 विस्फोटक का इस्तेमाल करते हैं। केंद्र सरकार ने कश्मीर में एनएसजी की तैनाती को अनुमति तब दी है, जिससे ठीक पहले यहां पीडीपी की महबूबा मुफ्ती की सरकार गिरी है। राज्य में इसी वजह से अस्थिरता का माहौल है।

वहीं, 29 जून से अमरनाथ यात्रा भी शुरू होगी, जिस पर आतंकियों के हमले की आशंका है। गृह मंत्रालय ने इसी स्थिति से निपटने के लिए कश्मीर में ब्लैक कैट कमांडो की तैनाती को हरी झंडी दी है, जबकि अमरनाथ यात्रा के दौरान अहम जगहों पर ड्रोन कैमरे से निगरानी की जाएगी। यात्रा इस बार एसपी स्तर के अधिकारी, अर्धसैनिक बलों की कंपनियों की अगुवाई में कराएंगे।

यशवंत सिन्‍हा बोले- कश्‍मीर मुद्दे से सांप्रदायिकता फैलाएगी भाजपा

Friday, 22 June 2018 08:16

भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री यशवंत सिन्हा ने एक बार फिर से मोदी सरकार पर हमला बोला है। इस बार उन्होंने जम्मू-कश्मीर के बहाने अपनी ही पार्टी की सरकार को आड़े हाथ लिया है। उन्होंने कहा कि महबूबा मुफ्ती सरकार से समर्थन वापस लेने के बाद भाजपा इस मुद्दे का इस्तेमाल देश में सांप्रदायिकता फैलाने के लिए करेगी। यशवंत सिन्हा ने स्पष्ट किया कि बीजेपी-पीडीपी गठबंधन को टूटना ही था। ‘न्यूज 18’ से बात करते हुए बीजेपी के असंतुष्ट नेता ने कहा कि केंद्र में सत्तारूढ़ पार्टी वर्ष 2019 के लोकसभा चुनावों के साथ ही अन्य चुनावों में भी इसको पुरजोर तरीके से उठाएगी। यशवंत सिन्हा ने कहा, ‘इसमें कोई संदेह नहीं कि बीजेपी को जम्मू-कश्मीर के मसले पर सांप्रदायिकता और ध्रुवीकरण को हवा देने में मदद मिलेगी।’

बीजेपी-पीडीपी गठजोड़ को टूटना ही था: पूर्व केंद्रीय मंत्री ने जम्मू-कश्मीर में बीजेपी-पीडीपी गठबंधन को लेकर ज्यादा आशावान नहीं थे। उन्होंने बताया कि शुरुआत से ही यह तया था कि गठबंधन को टूटना है। यशवंत सिन्हा ने कहा, ‘गठबंधन बनने के साथ ही दोनों सहयोगी दल विपरीत दिशा में चलने लगे थे। बीजेपी को अपनी नीतियों का अनुसरण करना था तो पीडीपी को भी अपनी नीति पर चलना था। इस सबके बीच राज्य के शासन-प्रशासन को नुकसान हुआ। इस गठबंधन को असफल होना ही था।’

जम्मू-कश्मीर में चुनाव कराने की वकालत: यशवंत सिन्हा ने जम्मू-कश्मीर विधानसभा को भंग कर चुनाव कराने की वकालत की है। उन्होंने कहा, ‘सभी दलों ने स्पष्ट तौर पर कहा कि वे सरकार नहीं बनाना चाहते हैं। ऐसे में जब मौजूदा विधानसभा सरकार देने में नाकाम है तो उसे भंग कर नए सिरे से चुनाव कराना जरूरी है। ऐसा नहीं होने पर जम्मू-कश्मीर की जनता को लगेगा कि भाजपा ने सिर्फ चुनावी लाभ के लिए उनका मोहरे के तौर पर इस्तेमाल किया।’

‘भाजपा ने किया महबूबा मुफ्ती का इस्तेमाल’: भाजपा के वरिष्ठ नेता ने अपनी ही पार्टी पर जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री का इस्तेमाल करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा, ‘इसमें कोई संदेह नहीं कि बीजेपी ने जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती का इस्तेमाल किया और काम पूरा होने के बाद खुद से अलग कर दिया। भाजपा ने बिना किसी वादे को पूरा किए राज्य में तीन साल तक सत्ता का सुख पाया। महबूबा मुफ्ती जब तक मुख्यमंत्री थीं, सारे आरोप उन पर ही मढ़ दिए जाते थे। लेकिन, सरकार के गिरने और राज्य की मौजूदा स्थिति के लिए सिर्फ महबूबा पर आरोप लगाना उचित नहीं है।’ यशवंत ने भाजपा की उन दलीलों को भी खारिज कर दिया, जिसमें राज्य में कानून-व्यवस्था को बरकरार रखने में सरकार के पूरी तरह से विफल होने की बात कही गई थी।

 

19:9 के डिस्प्ले, और iPhone X जैसे नॉच के साथ आया Vivo Y81

Friday, 22 June 2018 08:02

वीवो Y81 चाइनीज कंपनी वीवो का नया स्मार्टफोन है जिसे वियतनाम में अभी बिक्री के लिए उपलब्ध है. वीवो Y81 काफी कुछ वीवो Y83 जैसी डिजाइन के साथ आता है. बेजेल-लेस इस फोन में आईफोन X जैसी नॉच दी गई है. इसका 19:9 का ऑस्पेक्ट रेशियो और फेस-डिटेक्शन फीचर इसकी खासियतों में से एक है. इसकी कीमत वियतनाम में 4,990,000 वियतनामी डॉलर (लगभग 14,900 रुपये) रखी गई है.

 Vivo Y81 के स्पेसिफिकेशन

 डुअल सिम वाला वीवो Y81 फनटच OS 4.0 पर काम करता है जो एंड्रॉयड 8.1 ओरियो पर बेस्ड है. इसमें 6.22 इंच की स्क्रीन दी गई है जो 720x1520 की पिक्सल रिजॉल्यूशन के साथ आता है. इसमें 19:9 का आस्पेक्ट रेशियो दिया गया है जो इसके हाईलाइट फीचर्स में से एक है. गोरिल्ला ग्लास प्रोटेक्शन इस फोन के डिस्प्ले को मजबूती देता है. प्रोसेसर की बात करें तो इसमें ऑक्टा-कोर मीडियाटेक 2.0GHz प्रोसेसर दिया गया है. साथ ही 3 जीबी की रैम दी गई है. 32 जीबी की स्टोरेज वाले इस फोन की मैमोरी को 256 जीबी तक बढ़ा सकते हैं.

 कैमरा की बात करें तो इसमें 13 मेगापिक्सल का रियर कैमरा दिया गया है जो f/2.2 अपर्चर के साथ आता है. सेल्फी के लिए इसमें 5 मेगापिक्सल का फ्रंट फेसिंग कैमरा दिया गया है. स्मार्टफोन को पावक देने के लिए 3260mAh की बैटरी दी गई है. कनेक्टिविटी की बता करें तो इसमें 4G LTE, ब्लूटूथ 5.0, सिंगल बैंड वाई-फाई , जीपीएस जैसे विकल्प दिए गए हैं.

सेबी ने बदले आईपीओ, शेयर बायबैक के नियम

Friday, 22 June 2018 08:00

भारतीय प्रतिभूति विनिमय बोर्ड (सेबी) ने गुरुवार को आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) और बायबैक के नियमों में संशोधन की घोषणा की। सेबी के अध्यक्ष अजय त्यागी ने यहां संवाददाताओं को बताया कि भाषा को सरल बनाने और अतिरेक को दूर करने के मकसद से आयोजित बोर्ड की बैठक के बाद विनियामक ने आईपीओ की कीमत पट्टी की घोषणा की समय सीमा को पांच दिन से घटाकर दो दिन करने का फैसला लिया है। 

उन्होंने कहा कि सेबी ने बायबैक के नियमों में भी बदलाव किए हैं। 

उन्होंने आगे बताया कि मार्केट इन्फ्रास्ट्रक्चर इंस्टीट्यूशन (एमआईआई) में विदेशी कंपनियों की हिस्सेदारी को एक समान किया जाएगा। 

इस संबंध में त्यागी ने कहा कि सेबी ने एमआईआई के संबंध में नियमों की समीक्षा और संबंधित सर्कुलर को लेकर भारतीय रिजर्व बैंक के डिप्टी गवर्नर आर. गांधी की अध्यक्षता में गठित समिति की सिफारिशों को स्वीकार कर लिया है। 

उन्होंने कहा, "ऐसी मध्यवर्ती संस्थाओं पर निगरानी रखने और उनका पर्यवेक्षण करने का हमारा अधिकार बढ़ जाएगा और हम आवश्यक सर्कुलर लाएंगे।"

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई)से संबंधित घोटाले के संबंध में सेबी अध्यक्ष ने कहा कि मामले में लिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई है जिसे कुछ दिनों में सार्वजनिक किया जाएगा। 

--आईएएनएस

मानसून की चाल कमजोर, 24 जून से सक्रिय होने के आसार

Friday, 22 June 2018 07:59

इस सप्ताह देशभर में मानसून की चाल कमजोर रहेगी, मगर अगले सप्ताह 24 जून से मानसून सक्रिय हो सकता है। मौसम पूर्वानुमानकर्ता स्काइमेट के अनुसार, देश के अधिकांश हिस्सों में मानसून की स्थिति कमजोर बनी हुई है। लेकिन 24 जून से मानसून फिर से सक्रिय हो सकता है। स्काइमेट ने गुरुवार को अपनी रिपोर्ट में कहा कि मैडेन जूलियन ओशीलेशन (एमजेओ) मानसून के अनुकूल हो रहा है और बंगाल की खाड़ी के उत्तरी भागों में मानसून सिस्टम विकसित होने वाला है, जिससे 24 जून से पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ के कुछ और भागों तथा ओड़िशा में मानसून प्रभावी हो जाएगा।

स्काइमेट ने अगले 24 घंटे कोंकण क्षेत्र में गोवा, तटीय कर्नाटक और केरल में बारिश जारी जारी रहने की संभावना जताई है। इन इलाकों में मूसलधार वर्षा हो सकती है। 

मध्य महाराष्ट्र और विदर्भ में भी मानसून सक्रिय रहेगा और मध्यम से भारी वर्षा दर्ज की जा सकती है। उत्तरी तेलंगाना, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, असम, मेघालय, नागालैंड, अरुणाचल प्रदेश और दक्षिणी छत्तीसगढ़ में मानसून सामान्य रहेगा और हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जाएगी। गंगीय पश्चिम बंगाल, ओड़िशा, आंध्र प्रदेश, मराठवाड़ा, आंतरिक कर्नाटक, दक्षिणी तेलंगाना और तमिलनाडु में मानसून कमजोर रहेगा। इन भागों में कम वर्षा के आसार हैं। 

बीते 24 घंटों के दौरान गोवा और तटीय कर्नाटक में मानसून काफी सक्रिय रहा और भारी वर्षा हुई। केरल में भी मानसून सक्रिय रहा। मध्य महाराष्ट्र, विदर्भ, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, असम, अरुणाचल प्रदेश, नगालैंड और तेलंगाना के भी कुछ हिस्सों में सामान्य मानसून के बीच हल्की से मध्यम बारिश हुई। 

दूसरी ओर ओड़िशा, छत्तीसगढ़, आंध्र प्रदेश, आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु में मानसून कमजोर रहा और बारिश न के बराबर हुई।

--आईएएनएस

निर्यात के 10 मिशन शुरू करेगी केंद्र सरकार : प्रभु

Friday, 22 June 2018 07:58

 वाणिज्य और उद्योग व नागरिक उड्डयन मंत्री सुरेश प्रभु ने गुरुवार को कहा कि उद्योग को बढ़ावा देने के मकसद से केंद्र सरकार निर्यात के 10 मिशन की शुरुआत करने की योजना तैयार कर रही है। भारतीय निर्यात संगठनों, व्यापार संघों और वाणिज्य संगठनों के परिसंघों को यहां संबोधित करते हुए सुरेश प्रभु ने कहा कि सरकार निर्यात के 10 मिशन शुरू करना चाहती है। उन्होंने कहा कि सरकार प्रमुख अंतर्राष्ट्रीय व्यापार केंद्रों में निर्यात प्रोत्साहन कार्यालय खोलेगी। 

उन्होंने निर्यातकों को भरोसा दिलाया कि किसी प्रकार की बाधाओं को दूर करने के लिए विश्व व्यापार संगठन (डब्ल्यूटीओ) के मुताबिक सभी प्रकार के निर्यात प्रोत्साहन की व्यवस्था की जाएगी। 

हाल ही में हुए बैंकरों की बैठक का जिक्र करते हुए प्रभु ने कहा कि बैंकों को ऋण प्रदान करने में निर्यात को वरीयता के क्षेत्र में लाने को कहा गया है। 

प्रभु ने कहा कि सरकार 12 उत्कृष्ट क्षेत्रों में 5,000 करोड़ रुपये निवेश करेगी। 

उत्कृष्ट क्षेत्रों में सूचना प्रौद्योगिकी और सूचना प्रौद्योगिकी समर्थित सेवाएं, पर्यटन, आतिथ्य सेवा, मेडिकल वैल्यू ट्रेवल, परिवहन और लॉजिस्टिक्स सेवा, लेखा व वित्तीय सेवाएं, निर्माण और संबंधित इंजीनियरिंग सेवाएं, पर्यावरण संबंधी सेवाएं, वित्तीय सेवाएं और शिक्षा सेवाएं शामिल होंगी। 

--आईएएनएस

फीफा विश्व कप : अर्जेंटीनी डिफेंस को नेस्तनाबूद कर क्रोएशिया नॉकआउट में

Friday, 22 June 2018 07:52

 क्रोएशिया ने अपने संयुक्त प्रदर्शन के दम पर फीफा विश्व के खिताब की प्रबल दावेदार मानी जा रही अर्जेंटीना को गुरुवार देर रात ग्रुप डी के मुकाबले में 3-0 से करारी शिकस्त दी। इस दमदार जीत के साथ क्रोएशिया की टीम 1998 फीफा विश्व कप के बाद पहली बार प्री-क्वार्टर फाइनल में जगह बनाने में कामयाब हुई है जबकि अर्जेंटीना के लिए अगले दौर में पहुंचने की राह और मुश्किल हो गई है। ग्रुप डी में दो मैच के बाद अर्जेंटीना एक अंक के साथ तीसरे पायदान पर मौजूद है। 

तालिका में दूसरे पायादान पर काबिज आइसलैंड के पास भी केवल एक अंक है लेकिन उसने दो ग्रुप मुकाबले और खेलने हैं।

निझनी नोवगोरोड स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में अर्जेंटीना ने तेज शुरुआत करने का प्रयास किया। हालांकि, क्रोएशिया के डिफेंस ने अपना संयम नहीं खोया और काउंटर अटैक करके गोल दागने की कोशिश की। 

मिडफील्डर इवान पेरीसिक ने चौथे मिनट में अर्जेंटीना के डिफेंस को छकाते हुए गोल पर निशाना दागा जिसे गोलकीपर विल्फ्रेडो काबालेरो ने रोक कर अपनी टीम को शुरुआती झटके से बचा लिया। 

अर्जेंटीना के दिग्गज फारवर्ड लियोनेल मेसी को 12वें मिनट में बॉक्स के अंदर पास मिला। मेसी गेंद को अपने कब्जे में नहीं ले पाए और गेंद सीधे गोलकीपर डेनिजेल सुबासिक के हाथों में चली गई। 

इसके बाद, दोनों टीमों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली। 30वें मिनट में अर्जेंटीना के मिडफील्डर एंजो पेरेज को बॉक्स के अंदर से गोल करने का शानदार मौका मिला। पेरेज को खाली पड़े गोल के सामने गेंद मिली, हालांकि इस आसान मौके पर भी वह अपनी टीम को बढ़त नहीं दिला पाए। 

क्रोएशिया ने भी गोल करने की कोशिश जारी रखी और 33वें मिनट में सिमे वसाल्जको ने दाएं फ्लेंक से बॉक्स के भीतर बेहतरीन क्रॉस दिया जिस पर मारियो मांजुकिक छह गज की दूरी से हेडर नहीं लगा पाए। 

अर्जेंटीना के लिए दूसरे हाफ की शुरुआत किसी डरावने सपने की तरह हुई। 53वें मिनट में गोलकीपर काबालेरो ने बॉक्स में अपने खिलाड़ी को पास देने का प्रयास किया और गलती से गेंद को हवा में उछाल बैठे जिस पर रेबिक ने शानदार गोल दागते हुए अपनी टीम को 1-0 की बढ़त दिला दी। 

एक गोल से पिछड़ने के बाद अर्जेंटीना ने गोल करने के प्रयास तेज कर दिए। 64वें मिनट में मिडफील्डर मैक्सीमिलियानो मेजा और मेसी को गोल लाइन के गेंद मिली लेकिन वह क्रोएशिया के गोलकीपर को भेद नहीं पाए। गोल करने के आसान मौकों को जाया होते देख कोच जॉर्ज सांपाओली मिडफील्डर पाउलो डेबाला को मैदान में लेकर आए।

डेबाला के मैदान पर आने से भी अर्जेंटीना का खेल बेहतर नहीं हुआ। 

स्पेनिश क्लब रियल मेड्रिड से खेलने वाले मिडफील्डर लुका मोड्रिक ने 80वें मिनट में अर्जेंटीना के बॉक्स के बाहर मिली जगह का लाभ उठाते हुए 25 गज की दूरी से दमदार गोल दागकर क्रोएशिया की बढ़त को दोगुना कर दिया। 

इसके बाद, मिडफील्डर इवान रेकिटिक ने इंजुरी टाइम (91वें मिनट) में गोल करके क्रोएशिया की जीत सुनिश्चित कर दी। 

अर्जेंटीना अपने अंतिम ग्रुप मुकाबले में मंगलवार को नाइजीरिया से भिड़ेगा जबकि क्रोएशिया का सामना आइसलैंड से होगा।

--आईएएनएस

TMC की बैठक में BJP के साथ-साथ कांग्रेस पर भी साधा निशाना

Friday, 22 June 2018 07:49

 महागठबंधन की कोशिशों को पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने झटका दे दिया है. अपनी पार्टी तृणमूल कांग्रेस की अहम बैठक में उन्होंने बीजेपी, काग्रेस और सीपीएम पर जमकर हमला बोला. ममता ने इस दौरान बीजेपी को माओवादियों के साथ भी जोड़ा. ममता ने भाजपा, कांग्रेस, माकपा और माओवादियों पर आरोप लगाया कि बंगाल में उन्होंने तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ हाथ मिला लिए हैं. पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने कहा कि सीपीएम बीजेपी के चरणों में गिरी हुई है और डूबने से बचने के लिए उनके तिनकों का सहारा ले रही है. वहीं, कांग्रेस दिल्ली में भाजपा का विरोध कर रही है और यहां उनसे हाथ मिला रही है. कांग्रेस के नियम और सिद्धांत कहा हैं? उन्होंने कहा कि सीपीएम, माओवादी और भाजपा ये सभी समाज के कलंक हैं. 

'BJP कर रही EVM से छेड़छाड़'
उन्होंने बीजेपी पर आरोप लगाया कि राज्य में वोट प्रतिशत बढ़ाने के लिए भगवा दल ईवीएम से छेड़छाड़ कर रहा है. उन्होंने कहा, 'मतदाता सूची के पुनरीक्षण का काम शुरू हो गया है. सुनिश्चित करिए की प्रक्रिया का पालन किया जाए.  ईवीएम से छेड़छाड़ करना भाजपा की आदत है. हमारी पार्टी के कार्यकर्ताओं को सतर्क रहना चाहिए और उनकी निगरानी करनी चाहिए.' महेशताला में मई में हुए विधानसभा उपचुनावों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि उस समय इस्तेमाल किए गए 30 फीसदी ईवीएम ठीक से काम नहीं कर रहे थे. उन्होंने कहा, 'केंद्र सरकार ईवीएम मशीन से छेड़छाड़ करती है. हर मशीन की निगरानी करनी होगी.'

तृणमूल कार्यकर्ताओं को भी लगाई फटकार
ममता बनर्जी ने कार्यकर्ताओं को कड़ा संदेश देकर उनसे अंदरूनी कलह और आत्मसंतोष से बाज आने और एकजुट होकर काम करने को कहा. ममता ने आदिवासी जंगलमहल इलाके में कार्यकर्ताओं के एक तबके पर पिछले महीने हुए पंचायत चुनाव में निष्क्रिय रहने का आरोप लगाया, जिसकी वजह से पार्टी को कुछ सीटों पर शिकस्त का सामना करना पड़ा. तृणमूल कांग्रेस की विस्तारित कोर समिति की बैठक में ममता ने कहा, 'हमने वर्षों के संघर्ष के बाद पार्टी (तृणमूल कांग्रेस) बनाई. हम लोगों के समर्थन से सत्ता में आए. अगर कुछ (कार्यकर्ता) यह सोचते हैं कि वे पार्टी से बड़े हैं तो बाहर जाने के लिए दरवाजा खुला है. सिर्फ ममता बनर्जी काम करें और अन्य सत्ता में होने का आनंद ले यह नहीं चल सकता है.' 

'भाजपा चरमपंथी संगठन'
तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी ने भाजपा को 'चरमपंथी संगठन' बताया जो लोगों को धार्मिक आधार पर बांटने में लगी हुई है. उन्होंने चुनौती दी कि भाजपा उनकी पार्टी पर हमला करके दिखाए. तृणमूल कांग्रेस की विस्तारित कोर समिति की बैठक में उन्होंने कहा, 'हम भाजपा की तरह चरमपंथी संगठन नहीं हैं. वे अहंकारी और असहिष्णु हैं. वे धार्मिक रूप से पक्षपाती हैं. वे मुस्लिमों, ईसाइयों, सिखों को पसंद नहीं करते, वे हिंदुओं में भी अगड़ी जाति और पिछड़ी जाति के लोगों के बीच भेदभाव करते हैं.' 

इजरायली पीएम की पत्‍नी ने बाहर से मंगवाया 68 लाख रुपये का खाना

Thursday, 21 June 2018 18:19

इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्‍याहू की पत्‍नी, सारा पर धोखाधड़ी का आरोप लगा है। रॉयटर्स ने न्‍याय मंत्रालय के हवाले से यह जानकारी दी। आरोप है कि अपने आधिकारिक आवास पर कैटरिंग से खाना मंगाने में सरकारी पैसे का दुरुपयोग किया गया। ‘मिल्स आर्डरिंग अफेयर’ के रूप में पहचाने जाने वाले इस मामले में, गुरुवार को जेरूसलम मजिस्ट्रेट की अदालत में दायर एक अभियोग के मुताबिक, “अभियोजकों ने कहा कि सारा नेतन्याहू ने 2010 से 2013 के दौरान प्रधानमंत्री के आवास पर 1 लाख डॉलर (67,77,500 रुपये) मूल्य के भोजन के पैसे चुकाने के लिए सरकारी खजाने का दुरुपयोग किया।” सीएनएन ने अभियोजकों के हवाले से कहा, उन्होंने कथित रूप से निजी शेफ को भी करीब 10,000 डॉलर का भुगतान किया। सारा पर एक सरकारी कर्मचारी के साथ मिलकर रेस्‍तरां से सैकड़ों बार भोजन मंगाने के लिए एक लाख डॉलर से ज्‍यादा की रकम हासिल करने का आरोप है। यह नियमों का उल्‍लंघन है क्‍योंकि घर पर कुक की नियुक्ति के दौरान बाहर से खाना मंगाने पर पाबंदी है।

इजरायल के न्‍याय मंत्रालय द्वारा जारी अभियोग के अनुसार, सारा पर धोखाधड़ी और विश्‍वासघात के आरोप लगाए गए हैं। प्रधानमंत्री, जिन खिलाफ कई भ्रष्‍टाचार की जांचें चल रही हैं, ने पत्‍नी पर लगे आरोपों को ‘बेहूदा’ कहकर नकार दिया। 59 वर्षीय सारा नेतन्‍याहू कई मौकों पर सुर्खियां बटोर चुकी हैं। अगर सारा को दोषी पाया जाता है तो उन्‍हें अधिकतम पांच वर्ष की जेल हो सकती है। अभी तक यह स्‍पष्‍ट नहीं है कि ट्रायल कब शुरू होगा।

नेतन्‍याहू परिवार विवादों की एक श्रृंखला से गुजर रहा है। फरवरी में, पुलिस ने सिफारिश की थी कि प्रधानमंत्री पर भ्रष्‍टाचार अरौर घूसखोरी के आरोप में मुकदमा चले। ऐसा अंदेशा कम है कि इस ताजा मामले से सारा के पति को कोई खास राजनैतिक नुकसान होगा। इजरायल के नेता के तौर पर यह नेतन्‍याहू का चौथा कार्यकाल है और सभी आरोपों के बावजूद ओपिनियन पोल्‍स में सबसे आगे चल रहे हैं।

7th Pay Commission: केंद्र सरकार ने 23 लाख कर्मचारियों की सैलरी में कर दी 18,000 रुपए तक की बढ़ोतरी

Thursday, 21 June 2018 18:18

7th Pay Commission, 7th CPC Today Latest News for Pensioners: केंद्र सरकार केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी बढ़ाने की कोशिश में लगी है। दरअसल केंद्रीय कर्मचारियों की मांग है कि उनकी सैलरी को सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों से परे बढ़ाया जाए। इसके लिए केंद्रीय कर्मचारी कई बार विरोध प्रदर्शन और हड़ताल आदि भी कर चुके हैं। अब केंद्र सरकार ने 23 लाख लोगों को सातवें वेतन आयोग का तोहफा दे दिया है। केंद्र सरकार ने यूनिवर्सिटी और कॉलेजों से रिटायर हुए 23 लाख से ज्यादा शिक्षकों और गैर शैक्षणिक कर्मचारियों को मिलने वाली पेंशन में 18 हजार रुपए तक की बढ़ोतरी कर दी है। केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री ने इस बारे में खुद जानकारी दी है. उन्होंने बताया कि इन लोगों को सातवें वेतन आयोग के हिसाब से यह लाभ मिलेगा। बताया जा रहा है कि सरकार के इस फैसले से सेंट्रल यूनिवर्सिटी व यूजीसी के आधीन डीम्ड यूनिवर्सिटीज के 25 हजार पेंशनरों को फायदा मिलेगा।

इसके अलावा राज्यों के उन विश्वविद्यालयों व कॉलेजों को भी इसका फायदा होगा, जहां सातवां वेतन आयोग लागू हो चुका है। इनमें से आठ लाख शिक्षक व 15 लाख गैर-शिक्षक कर्मचारी रिटायर हो चुके हैं। मानव संसाधन मंत्री प्रकाश जावेड़कर ने खुद सरकार के इस फैसले की जानकारी ट्विटर के माध्यम से दी। जावड़ेकर ने अपने ट्विटर में बताया है कि केंद्रीय विश्वविद्यालय के 25 हजार पेंशनरों को इसका फायदा मिलेगा। यह फायदा करीब 8000 रुपये से लेकर 18000 रुपये प्रतिमाह तक होगा। दूसरे ट्वीट में जावड़ेकर ने कहा कि सरकार के इस फैसले से विश्वविद्यालय के 8 लाख रिटायर टीचर और 15 लाख गैर-शिक्षकों को इसका फायदा होगा।

आपको बता दें कि केंद्र सरकार केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी को सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों से ज्यादा बढ़ा सकती है। खबरों की मानें तो पीएम मोदी 15 अगस्त को लाल किले से केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी बढ़ाने की घोषणा कर सकते हैं। केंद्रीय कर्मचारियों की मांग है कि न्यूनतम सैलरी को 18,000 रुपए से बढ़ाकर 26,000 रुपए महीने कर दिया जाए। वहीं फिटमेंट फेक्टर को भी बढ़ाया जाए। केंद्रीय कर्मचारियों की मांग है कि फिटमेंट फेक्टर को 3.68 गुना बढ़ा दिया जाए।

कपिल शर्मा का ये अवतार आपको हैरान कर देगा

Thursday, 21 June 2018 18:15

कपिल शर्मा के सितारे आजकल गर्दिश में हैं। हाल ही में उन्हें कई विवादों का सामना करना पड़ा है। उनकी फिल्म फिरंगी बॉक्स ऑफिस पर पिट गई, उनका शो कई कारणों से बंद हो चुका है और वे एक पत्रकार के साथ भद्दी गाली गलौज के चलते भी चर्चा में रहे थे। माना ये भी जा रहा था कि वे डिप्रेशन के दौर से गुज़र रहे थे और नशे की लत के चलते उन्हें रिहैब जाना पड़ा था। हाल ही में उनके लुक ने जाहिर किया कि वाकई वे बहुत अच्छी हालत में तो नहीं ही हैं।

हाल ही में उन्हें अपने प्यारे डॉग चीकू के साथ देखा गया। कपिल को मुंबई एयरपोर्ट पर देखा गया था और इन तस्वीरों में कपिल बेहद थके नज़र आ रहे थे, उनका वजन भी थोड़ा बढ़ा हुआ लग रहा है। गौरतलब है कि कपिल शर्मा सोनी टेलीविजन पर द फैमिली टाइम विद कपिल के बाद से ही छोटे परदे पर नजर नहीं आए हैं। कपिल शर्मा के शो ‘फैमिली टाइम विद कपिल’ के तीन ही एपिसोड शूट हुए थे, और उसके बाद कई वजहों से इस शो को रोकना पड़ा। कपिल शर्मा को लेकर इसके बाद कई तरह की बातें आईं और एक पत्रकार के साथ गाली गलौज करते एक ऑडियो भी वायरल हो गया था। कई रिपोर्ट्स में ये भी कहा गया कि उन्हें रिहैब सेंटर भी भेजना पड़ा था. हालांकि इस बारे में कुछ भी आधिकारिक तौर पर नहीं कहा गया है।

पिछले कुछ समय से बुरे दौर से गुजर रहे हैं कपिल

रिपोर्ट्स के मुताबिक, कपिल शर्मा पिछले कुछ समय से पंजाब में अपने घर पर ही थे। छोटे पर्दे के बड़े सितारे कपिल शर्मा ने अपनी कॉमेडी के जरिये कई लोगों के दिलों में जगह बनाई है लेकिन पिछले कुछ महीनों से उनका समय ठीक नहीं चल रहा है। कपिल शर्मा को मुसीबत में देखकर उन्हें सलमान खान ने भी मदद का ऐलान किया था। हाल ही में कपिल ने ट्विटर पर अपने फैंस को कहा था कि मैं काफी अनफिट हो गया हूं और जल्दी ही फिट होकर वापसी करूंगा। उम्मीद है कि कपिल अपनी इस सलाह पर काम करेंगे और जल्दी ही अपने पुराने अवतार में लौटेंगे।

तुर्की ने की अमेरिकी आयात पर शुल्क लगाने की घोषणा

Thursday, 21 June 2018 18:13

तुर्की ने गुरुवार को अमेरिका से आयातित वस्तुओं पर शुल्क लगाने की घोषणा की। अमेरिका द्वारा इस्पात और अल्युमीनियम आयात पर शुल्क लगाए जाने पर तुर्की की सबसे हालिया प्रतिक्रियात्मक कार्रवाई है। 

तुर्की के अर्थव्यवस्था मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि वह अमेरिका से आयातित वस्तुओं पर 267 डॉलर मूल्य का आयात शुल्क लगाने जा रहा है जिसमें कोयला, कागज, बादाम, तंबाकू, चावल, व्हिस्की और कार जैसे उत्पाद शामिल होंगे। 

तुर्की की ओर से यह प्रतिक्रिया वाशिंगटन के साथ बातचीत के सार्थक नतीजे नहीं आने के बाद आई है।

तुर्की के अर्थव्यवस्था मंत्री निहात जीबेकी ने एक बयान में कहा, "तुर्की अमेरिका के साथ व्यापार संबंधों में सक्रियता व प्रतिक्रियात्मक कार्रवाई करने को प्रतिबद्ध है। हम अमेरिका को उसकी आर्थिक चुनौतियों के लिए तुर्की पर गलत तरीके से दोषारोपण करने की अनुमति नहीं दे सकते हैं।"

अमेरिका ने मार्च महीने में आयातित इस्पात पर 25 फीसदी और अल्युमीनियम पर 10 फीसदी का शुल्क लगा दिया था। हालांकि इसमें यूरोपीय संघ, कनाडा और मेक्सिको को छूट दी गई है। लेकिन इस महीने की शुरुआत में ट्रंप प्रशासन ने उनकी भी छूट खत्म करने की बात कही थी। 

तुर्की दुनिया का आठवां सबसे बड़ा इस्पात निर्यातक है और 2017 में तुर्की अमेरिका के लिए शीर्ष इस्पात आपूर्तिकर्ता रहा। 

--आईएएनएस

चालू सत्र में 20 लाख टन चीनी का निर्यात दूर की कौड़ी

Thursday, 21 June 2018 18:11

सरकार ने 30 सितंबर तक 20 लाख टन चीनी निर्यात का लक्ष्य रखा है, मगर इसे हासिल करना दूर की कौड़ी प्रतीत हो रहा है। चालू सत्र में ज्यादा से ज्यादा आठ लाख टन तक ही चीनी का निर्यात संभव है, क्योंकि बरसात का मौसम शुरू हो जाने से चीनी निर्यात में दिक्कत आ सकती है। वैसे भी, चीनी को थोड़ा भी पानी मिल जाए तो उसे पिघलते देर नहीं लगती। 

यही वजह है कि चीनी मिलों ने सरकार से इस समय सीमा को बरसात के मौसम के बाद बढ़ाकर 31 दिसंबर तक करने की मांग की है। 

नेशनल फेडरेशन ऑफ को-ऑपरेटिव शुगर फैक्टरीज लिमिटेड (एनएफसीएसएफ) के प्रबंध निदेशक प्रकाश पी. नाइकनवरे ने गुरुवार को आईएएनएस से बातचीत में कहा कि चालू चीनी उत्पादन व विपणन वर्ष 2017-18 (अक्टूबर-सितंबर) में महज सात से आठ लाख टन चीनी का निर्यात ही हो सकता है, क्योंकि बारिश शुरू होने से आगे निर्यात में दिक्कतें आ सकती हैं। 

उन्होंने कहा, "बरसात के कारण महाराष्ट्र और गुजरात के बंदरगाहों से चीनी निर्यात संभव नहीं हो पाएगा। लेकिन हमने सरकार से मांग की है कि न्यूनतम सांकेतिक निर्यात कोटा (एमआईईक्यू) के तहत निर्धारित 20 लाख टन चीनी निर्यात के लक्ष्य की समय सीमा 30 सितंबर से बढ़ाकर 31 दिसंबर कर दिया जाए, ताकि बरसात के बाद चीनी का निर्यात संभव हो।"

इसके अलावा पिछले दिनों घरेलू बाजार में चीनी के दाम में बढ़ोतरी से मिलों की दिलचस्पी भी निर्यात में कम दिखने लगी है। 

नाइकनवरे ने बताया कि इस समय अंतर्राष्ट्रीय बाजार में जो चीनी की दरें हैं उसके अनुसार, भारतीय मिलों को 1900 रुपये प्रति क्विंटल पर चीनी निर्यात करनी होगी जबकि सरकार द्वारा तय न्यूनतम एक्स मिल रेट 29 रुपये प्रति क्विंटल है और मौजूदा मिल दरें कहीं इससे ऊपर चल रही हैं। 

उन्होंने कहा, "इस समय मिलों को चीनी निर्यात करने में कम से कम 10-11 रुपये प्रति किलोग्राम का घाटा हो रहा है, जबकि सरकार द्वारा जो गóो के मूल्य पर 55 रुपये प्रति टन का उत्पादन प्रोत्साहन दिया जा रहा है, उससे मिलों को महज आठ रुपये प्रति किलो की कमी की भरपाई हो पाएगी। फिर भी दो से तीन रुपये प्रति किलो का घाटा है।"

एनएफसीएसएफ के प्रबंध निदेशक ने बताया कि अब तक 3.5 लाख टन चीनी निर्यात के सौदे हो चुके हैं और आगे संभावित बाजार की तलाश की जा रही है। उन्होंने बताया कि भारतीय चीनी की गुणवत्ता को लेकर भी इसका बाजार सीमित हो गया है। 

उन्होंने कहा, "भारतीय चीनी का एलक्यूडब्ल्यू यानी लो क्वालिटी ह्वाइट का ठप्पा लग गया है, जिसके कारण इसका बाजार श्रीलंका, नेपाल, अफगानिस्तान जैसे पड़ोसी देशों के अलावा पूर्वी अफ्रीकी देश सूडान, सोमालिय आदि तक ही सीमित हो गया है। हालांकि संभावित बाजार की तलाश की दिशा में हमारा प्रयास जारी है। हम इंडोनेशिया, मलेशिया, चीन आदि के बाजार में अपनी चीनी खपाने की कोशिश में जुटे हैं।"

नाइकनवरे ने कहा, "हम कच्ची चीनी बेचने की संभावनाएं तलाश रहे हैं। दुबई की रिफाइनरी से लेकर आसपास के देशों की बड़ी रिफाइनरी को कच्ची चीनी बेचने के अवसर हमारे पास हैं, क्योंकि ब्राजील और थाईलैंड से कच्ची चीनी मंगाने में उनको भारत के मुकाबले ज्यादा किराया यानी फ्रेट लगता है। इंडोनेशिया, मलेशिया और चीन को भी कच्ची चीनी की जरूरत है।"

उन्होंने बताया कि चीनी निर्यात होने से भी गन्ना किसानों के बकाये का भुगतान सुनिश्चित हो पाएगा और अगले साल से पेराई सुचारु ढंग से सुनिश्चित हो पाएगी। गन्ना किसानों का मिलों पर अभी भी 22,000 करोड़ रुपये बकाया है।

देश में इस साल अब तक 321.65 लाख टन चीनी का उत्पादन हो चुका है और उत्तर प्रदेश की चार चीनी मिलों में अभी तक पेराई जारी है। नाइकनवरे ने कहा कि 2017-18 में 322 लाख टन चीनी का उत्पादन हो सकता है। 

पिछले साल का बकाया स्टॉक 40 लाख टन है। इस तरह चालू सत्र में कुल आपूर्ति 362 लाख टन है, जबकि घरेलू खपत महज 255 लाख टन। ऐसे में 107 लाख टन चीनी 30 सितंबर, 2018 को अगले साल के लिए बची रहेगी, जो तकरीबन पांच महीने की घरेलू खपत के बराबर है। 

--आईएएनएस

'इम्प्रेग्नेशन' विज्ञापन के लिए बर्गर किंग ने मांगी माफी

Thursday, 21 June 2018 18:10

फास्ट फूड कंपनी बर्गर किंग रशिया को उसके एक विवादस्पद विज्ञापन के लिए मजबूरन माफी मांगनी पड़ गई। इस विज्ञापन में कंपनी ने रूस की महिलाओं को फीफा विश्व कप में खेल रहे खिलाड़ी के साथ गर्भधारण करने पर 47,000 डॉलर जीतने और आजीवन वूपर्स की सुविधा देगा। 

सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार, इसका प्रसारण रूस में सोशल मीडिया 'वीके' के जरिए 19 जून को किया गया था। यह सोशल मीडिया साइट रूस में फेसबुक जैसे ही काम करती है। 

इस वीडियो के जारी होने के बाद कई लोगों ने इसकी आलोचना की और गुस्सा भी जताया। 

इस प्रतिक्रिया के बाद बर्गर किंग रूस ने वीके पर माफीनामा जारी करते हुए कहा कि उन्होंने इस विज्ञापन से संबंधित सभी चीजों को हटा दिया है, क्योंकि यह शर्मनाक है। 

इस मामले के तुरंत बाद जब बर्गर किंग और बर्गर रस से बात करने की कोशिश की गई, तो कोई भी मौजूद नहीं था। 

--आईएएनएस

दिल्ली में लैंड पूलिंग पर जनसुनवाई 2-3 जुलाई को

Thursday, 21 June 2018 17:30

 दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) ने लैंडपुलिंग योजना को लागू करने के लिए जनसुनवाई की तारीख का ऐलान कर दिया है। डीडीए ने नीति पर सुझाव और आपत्ति सुनने के लिए 2 और 3 जुलाई की तारीख तय की है। इस ऐलान पर संतोष जाहिर करते हुए स्वराज इंडिया के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष अनुपम ने कहा कि यह सही दिशा में लिया गया एक सकारात्मक कदम है। जब तक लैंड पूलिंग योजना को किसान हितैषी बनाकर जल्द से जल्द लागू नहीं किया जाता पार्टी की दिल्ली देहात मोर्चा द्वारा यह संघर्ष जारी रहेगा। हमारा उद्देश्य है कि दिल्ली देहात राजधानी के विकास से अछूता न रहे।

गौरतलब है कि कई सालों से अधर में लटके हुए लैंड पूलिंग योजना को लागू कराने के लिए स्वराज इंडिया पार्टी की दिल्ली देहात मोर्चा अध्यक्ष राजीव यादव की अगुवाई में लगातार प्रयत्नशील रही है। 

सैकड़ों किसानों ने बीते मंगलवार को भी अपनी मांगों के साथ शहरी विकास मंत्रालय का घेराव किया था। जिसके बाद पुलिस कार्यवाई में स्वराज इंडिया के दिल्ली प्रदेश पदाधिकारियों समेत सभी को हिरासत में लिया गया था। केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी ने ट्वीट करते हुए प्रदर्शन को 'फेक न्यूज' करार दिया था। 

--आईएएनएस

प्रियंका के साथ लिव इन रिलेशनशिप में रहना चाहते हैं निक जोनास

Thursday, 21 June 2018 17:29

पिछले कुछ समय से निक जोनास और प्रियंका चोपड़ा की डेटिंग की खबरें सुर्खियों में हैं। माना जा रहा है कि निक इस रिश्ते को लेकर बेहद गंभीर है। वे प्रियंका को अपने परिवार से भी मिलवा चुके हैं, वहीं वे मुंबई आकर प्रियंका की मम्मी से भी मिलने का प्लान कर रहे हैं। इसके अलावा प्रियंका और निक इंस्टाग्राम पर एक दूसरे को फर्ल्ट भरे मेसेजेस भी भेजते हैं। प्रियंका ने भी हाल ही में निक के पिता को इंस्टाग्राम पर फॉलो करना शुरू किया है। हाल ही में अटलांटिक सिटी में निक के कज़न की शादी में प्रियंका निक की डेट बनकर पहुंची थी। प्रियंका ने वहां निक के परिवार से भी मुलाकात की थी।

एक रिपोर्ट के मुताबिक, निक अब अपने रिश्ते को एक अलग स्तर पर ले जाना चाहते हैं और निक ने प्रियंका को साथ में शिफ्ट होने के लिए कहा है। निक अपने दोस्तों को ये भी कह रहे हैं कि उनकी तलाश पूरी हो चुकी है और वे प्रियंका को लेकर बेहद गंभीर है। निक को ये बात पसंद है कि प्रियंका उनसे उम्र में बड़ी हैं और वे निक की पुरानी एक्स गर्लफ्रेंड से ज़्यादा मैच्योर हैं। इन दोनों के बीच किसी तरह का मेंटल गेम प्ले नहीं है और दोनों ही अपने रिश्ते को लेकर बेहद कूल और कैजुएल रहते हैं।

लेकिन निक की इमेज एक प्लेयर की है और प्रियंका भी इस बात को भली भांति जानती हैं। निक की इसी इमेज के चलते प्रियंका के दोस्तों ने उन्हें सलाह दी है कि वे निक को लेकर ज्यादा गंभीर न हों। गौरतलब है कि प्रियंका और निक ने पिछले साल सुर्खियां बटोरनी शुरू की थी। पिछले साल मेट गाला के अवसर पर प्रियंका और निक एक साथ पहुंचे थे। प्रियंका और निक. दोनों ने ही उस दिन राल्फ लॉरेन के डिज़ाइनर कपड़े पहने थे, यही कारण था कि दोनों ने साथ में मेट गाला 2017 में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई थी। इस घटना के बाद ही प्रियंका और निक के रिश्ते को लेकर अटकलें लगनी शुरू हो गई थी।

 

बीजेपी शासित झारखंड में पांच लड़कियों से जंगल में गैंगरेप

Thursday, 21 June 2018 17:27

भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के शासन वाले झारखंड राज्य में पांच लड़कियों के साथ दिनदहाड़े गैंगरेप कर लिया गया। वे नुक्कड़ नाकट कर लौट रही थीं, जहां दरिंदों ने उन्हें अगवा कर जंगल में वारदात को अंजाम दिया। पांचों पीड़िताओं में से एक ने जाकर पुलिस में शिकायत दे दी, जिसके बाद मामला प्रकाश में आया।

पांचों पीड़िताएं एक गैर सरकारी संस्था से जुड़ी हुई हैं। बुधवार (20 जून) को वे खूंटी जिले के अड़की थाना क्षेत्र के कोचांग इलाके में पलायन और मानव तस्करी पर आधारित नाटक के जरिए जागरूकता फैलाने गई थीं। लौटते वक्त तकरीबन हथियारबंद 10 लोगों ने उन्हें बंधक बनाया और जंगल ले गए, जहां आरोपियों ने उनसे गैंगरेप किया।

देर रात उन्हीं में से एक पीड़िता खूंटी थाने पहुंची, जहां उसने पुलिस को पूरा मामला बताया, जबकि अन्य चार पीड़िताओं को अता-पता नहीं है। पुलिस उन्हें खोजने के लिए अभियान चला रही है। सूत्रों के अनुसार, इस वारदात में पत्थलगढ़ी समर्थक भी शामिल थे।

सबसे हैरानी की बात है कि पुलिस वारदात के एक दिन बाद भी मौके पर नहीं पहुंच सकी। चूंकि पूर्व में उसी जंगल में कई वारदात हुई हैं। यह खांटी नक्सली इलाका यहां पर पत्थलगढ़ियों का एक गढ़ माना जाता है। पुलिस इससे पहले जब भी वहां गई है, तो उसके कर्मियों को बंधक बनाया जा चुका है।

हालांकि, पुलिस का कहना है कि वह घटनास्थल पर जाने के लिए रणनीति बना रही है। खूंटी एसपी अश्विनी कुमार सिन्हा ने गैंगरेप की वारदात की पुष्टि की है। उनका कहना है कि चार पीड़िताएं लापता हैं, जिन्हें तलाशा जा रहा है। हम जल्द ही उनका पता लगा लेंगे और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेंगे।

JK: बीजेपी अध्यक्ष को PAK ने दी जान से मारने की धमकी

Thursday, 21 June 2018 17:25

जम्मू-कश्मीर में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के अध्यक्ष रवींद्र रैना को जान से मारने की धमकी दी गई है। यह धमकी उन्हें पाकिस्तान के आतंकियों से मिली है। गुरुवार (21 जून) को उन्होंने बताया कि कराची से उन्हें धमकी भरा फोन कॉल आया था। डराते हुए आतंकियों ने कहा कि वे उनका (रैना का) हश्र भी शुजात बुखारी जैसा ही करेंगे। रैना ने इसके बाद पुलिस को जानकारी दी, जिस पर जांच की जा रही है।

रैना को इस धमकी से लगभग 48 घंटे पहले घाटी में बीजेपी ने पीडीपी से समर्थन वापस ले लिया। यही कारण है कि महबूबा मुफ्ती को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा था, जिसके बाद उनकी सरकार गिर गई थी। मंगलवार को बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने कश्मीर में बीजेपी नेताओं के साथ बैठक की थी, जिसके बाद पार्टी ने घाटी में पीडीपी से समर्थन लेने की घोषण की थी।

रैना ने आगे बताया, “मुझे पहले भी पाकिस्तान से इंटरनेट और फोन पर धमकियां मिलती रही हैं। मगर कभी भी मैंने उन पर ध्यान नहीं दिया। मुझे कराची के नंबर से कॉल आया था। हमारे देश के जवानों पर यकीन है कि वे अच्छी तरह से हमारी सुरक्षा में लगे हुए हैं।”

बकौल जम्मू-कश्मीर बीजेपी अध्यक्ष, “मैं अक्सर पाकिस्तान के खिलाफ बोलता हूं। राज्य विधानसभा में पाक के आतंकी गुटों के खिलाफ आवाज उठा चुका हूं, लिहाजा वे हमें डरा-धमका रहे हैं। मैंने इस संबंध में संबंधित पुलिस-एजेंसियों व राज्यपाल को सूचना दे दी है।”

शुजात बुखारी घाटी में राइजिंग कश्मीर के संपादक और पत्रकार थे। 14 जून को अज्ञात हमलावरों ने अखबार के कार्यालय के बाहर ही गोली मारकर उनकी हत्या कर दी गई थी। घटना के दौरान उनकी सुरक्षा में तैनात दो पुलिस अधिकारी भी मारे गए थे। बुखारी के ठीक बाद सेना के जवान औरंगजेब की अगवा कर हत्या कर दी गई थी। महबूबा सरकार गिरने के बाद घाटी में राज्यपाल शासन लगाया गया है, जबकि सुरक्षाबल और कश्मीर पुलिस सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चाक-चौबंद हैं।

अफगानिस्तान हिंसा में 37 की मौत

Thursday, 21 June 2018 17:25

 अफगानिस्तान के दो जिलों में संघर्ष में करीब 20 तालिबान आतंकवादी और 17 सुरक्षाकर्मियों की मौत हो गई। 

समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने सरकार के प्रवक्ता के हवाले से कहा कि गजनी प्रांत में तालिबान के जगतो जिले में आगे बढ़ने के प्रयासों के बाद इन्हें खदेड़ने में 20 आतंकवादी और तीन सुरक्षाकर्मी मारे गए। 

प्रवक्ता ने कहा कि संघर्ष में 10 आतंकवादी व चार सुरक्षाकर्मी घायल भी हो गए।

फारयाब प्रांत में तालिबान आतंकवादियों के अफगान बलों के सुरक्षा जांच चौकियों पर हमले में 14 सुरक्षाकर्मी मारे गए।

प्रांतीय परिषद के सहायक सिबघातुल्ला सिलाब ने कहा, "तालिबान विद्रोहियों ने ख्वाजा सब्जपोश जिले में आज सुबह में एक मार्ग पर राष्ट्रीय सेना की जांच चौकियों पर हमला शुरू किया। इसमें 14 सैनिक मारे गए और उनका भारी तोपखाना तबाह हो गया।"

एक अधिकारी ने कहा कि आतंकवादी संगठन ने बुधवार को सेना की जांच चौकियों पर बदगीस प्रांत में हमला किया, जिसमें 30 सैनिकों की मौत हो गई।

--आईएएनएस