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कास्टिंग काउच: स्वरा भास्कर का अनुभव…अगर आपको लगता है कि मैं इस रोल के लिए सेक्स कर लूंगी तो…

कास्टिंग काउच। फिल्म इंडस्ट्री का वो स्याह पक्ष है जिसने बॉलीवुड को बदनामी और कलाकार बिरादरी को तकलीफ दी है। इस बदनामी से गुजरने वाली कुछ अभिनेत्रियां चुपचाप इसे अपने दिल में दबाकर रखती हैं, तो कुछ इसका जोरदार प्रतिकार करती हैं। स्वरा भास्कर मौजूदा दौर की उन एक्ट्रेस की जमात में हैं जिन्हें चुप्पी पसंद नहीं है, जो मुद्दा उन्हें संवेदनशील लगता है उस पर वो खुल कर बोलती हैं, क्यों ना इसके लिए उन्हें परेशानी उठाना पड़े। हाल ही में रिलीज हुई फिल्म ‘वीरे दी वेडिंग’ फेम स्वरा ने कास्टिंग काउच पर अपने अनुभव लोगों से साझा किये। वह  इंडियन एक्सप्रेस के एक्सप्रेस अड्डा कार्यक्रम में शिरकत करने आईं थीं। स्वरा ने कहा कि उन्हें कास्टिंग काउच से नहीं गुजरना पड़ा। लेकिन उन्होंने कहा कि ये होता है और निश्चित रुप से होता है। स्वरा ने कहा कि जब वह बंबई आईं थी तो इसके लिए पूरी तरह से तैयार थीं, और उन्होंने सोच रखा था कि अगर नौबत आई तो उन्होंने फेमिनिज्म पर एक लेक्चर भी तैयार कर रखा था। स्वरा कहती है साल-डेढ़ साल गुजर गये, किसी ने इसके बारे में उनसे बात नहीं की।

स्वरा बताती हैं कि तब उन्हें एहसास हुआ कि ऐसा नहीं होता है कि कोई आपके पास आता है और कहता है कि आपको इस रोल को पाने के लिए सेक्स करना पड़ेगा। बकौल स्वरा, “लेकिन कई दूसरे चीजें थी जो वे लोग हिंट दे रहे थे लेकिन मैं ले नहीं रही थी, एक शख्स ने मुझसे कहा, “मैं तुम्हारी आखों में आग देख सकता हूं… और मैं सोचने लगती हूं मुझे ये रोल मिल जाएगा। लेकिन तबतक वह कहने लगता, “हजारों लड़कियां हैं जो इस रोल को कर सकती हैं लेकिन तुम इस रोल को पाने के लिए क्या करने की चाहत रखती हो?” इस पर स्वरा ने जवाब दिया, “मैं सोशियोलॉजी की स्टूडेंट रही हूं और मैं अपने किरदार को सामाजिक संदर्भ में वहां फिट कर पाऊंगी। इस पर उस शख्स का जवाब था, “ये तो हर शख्स कर सकता हैं तुम क्या कर सकती हो। इसके बाद स्वरा ने कहा, “मेरी याददाश्त अच्छी है और मैं अपने डॉयलाग बढ़िया से याद कर पाउंगी। इस पर इस उस शख्स ने कहा ये काम सारे लोग कर सकते हैं। ये बात-चीत सात आठ मिनट चली। स्वरा कहती हैं, “मैं थक चुकी थी, तभी मेरी समझ में आ गया और मैंने कहा, “यदि आप मुझसे पूछ रहे हैं कि क्या मैं इस रोल के लिए सेक्स कर सकती हूं, मैं समझती हूं कि मैं ऐसा नहीं कर पाउंगी।” इसके बाद पांच सेकेंड में ही ये बातचीत खत्म हो गई।

स्वरा ने आगे कहा कि ये हर जगह होता है, क्योंकि ये अधिकार का मामला है। स्वरा ने कहा कि लेकिन इसके लिए लड़कियों को जिम्मेदार नहीं ठहराया जाना चाहिए। स्वरा कहती हैं, “हम अपने सपनों का मोहताज क्यों हो जाएं, हमारा लक्ष्य ही हमारा सबसे बड़ा खतरा क्यों बन जाए और हमें इस तरह बकवास चीजों के लिए मजबूर करे।” स्वरा के मुताबिक इससे निपटने का सीधा तरीका है कि आप इसके लिए ना कहें और ऐसे रोल को छोड़ दें।”

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